छतरपुर नगरपालिका ने शहर में जीर्ण-शीर्ण और क्षतिग्रस्त भवनों को हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी है। इसी क्रम में, मुख्य नगर पालिका अधिकारी माधुरी शर्मा ने चार व्यक्तियों को नोटिस जारी किए हैं। जारी नोटिस के अनुसार, महल रोड स्थित बालाजी मंदिर के सामने भवन क्रमांक 64 जो कि उमाशंकर दफ्तरी का है। यह भवन अत्यंत पुराना और जर्जर अवस्था में है। इसकी दीवारें और ढांचा कमजोर हो चुके हैं, किसी भी समय इसके गिरने की आशंका है। यह भवन आसपास के निवासियों और राहगीरों के लिए खतरा बना हुआ है।
हानि हुई तो मालिक जिम्मेदार होंगे
नगरपालिका ने चेतावनी दी है कि यदि भवन के अचानक गिरने से कोई जनहानि या संपत्ति की क्षति होती है, तो इसके लिए संबंधित मालिकगण स्वयं जिम्मेदार होंगे। नगरपालिका ने चित्रकूट निवासी निशा उपाध्याय पत्नी स्व. बृजेश उपाध्याय, गोपाल उपाध्याय, विजय उपाध्याय और वसबनीगर मोहल्ला निवासी राकेश कुमार उपाध्याय नोटिस को दिए गए है।
भवन ध्वस्त नही किये तो नगर पालिका कार्रवाई करेगी
सीएमओ ने निर्देश दिए हैं कि दो दिन के भीतर भवन की सावधानीपूर्वक मरम्मत या ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाए। वहीं इसका पालन प्रतिवेदन नगरपालिका कार्यालय में प्रस्तुत किया जाए। नगरपालिका ने कहा है कि यदि निर्धारित समय में कार्रवाई नहीं की जाती है, तो मध्य प्रदेश नगरपालिका अधिनियम 1961 की धारा 221 के तहत निकाय स्वयं भवन को हटवाएगा। इस कार्य में आने वाला पूरा व्यय संबंधित मालिकों से वसूला जाएगा। नगरपालिका प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे ऐसे पुराने और जर्जर भवनों की सूचना तुरंत नगरपालिका को दें, ताकि किसी भी हादसे से बचा जा सके।