रीवा के अवधेश प्रताप सिंह विश्वविद्यालय में पीएचडी प्रवेश परीक्षा को लेकर छात्रों का असंतोष लगातार बढ़ता जा रहा है। कुछ दिन पहले NSUI ने विरोध किया था और अब ABVP भी मैदान में उतर आई है। ABVP ने कुलसचिव को आठ सूत्रीय मांगों वाला ज्ञापन सौंपकर चेतावनी दी कि समय पर समाधान नहीं हुआ तो उग्र आंदोलन किया जाएगा और विश्वविद्यालय की तालाबंदी की जाएगी।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की विश्वविद्यालय इकाई का आरोप है कि पीएचडी प्रवेश परीक्षा के परिणाम में कई गंभीर त्रुटियां हैं। छात्रों ने बड़ी संख्या में आरटीआई लगाई हैं, लेकिन अब तक उत्तर पुस्तिकाएं उपलब्ध नहीं कराई गईं। ABVP ने ज्ञापन में मांग रखी कि लगभग 150 से ज्यादा छात्रों द्वारा लगाई गई सभी आरटीआई का एक सप्ताह के भीतर निराकरण किया जाए और सभी को उत्तर पुस्तिकाएं उपलब्ध कराई जाएं।
ABVP ने यह भी कहा कि जब तक सभी छात्रों की शंकाएं दूर नहीं हो जातीं, तब तक पीएचडी प्रवेश प्रक्रिया को स्थगित रखा जाए। साथ ही, सभी विषयों की पुनः जांच कर संशोधित परिणाम जल्द जारी किए जाएं, क्योंकि वर्तमान परिणाम को लेकर छात्रों में अविश्वास बढ़ रहा है।
पेपर लीक और नियम विरुद्ध पेपर सेटिंग के आरोप
छात्र संगठन की ओर से यह भी आरोप लगाया गया कि पेपर सेटिंग और परीक्षा प्रक्रिया में नियम विरुद्ध तरीके अपनाए गए हैं। पेपर लीक जैसे गंभीर आरोपों की उच्च स्तरीय निष्पक्ष जांच कराने तथा दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग भी ज्ञापन में शामिल है।
छात्रों ने आंदोलन की चेतावनी दी
विश्वविद्यालय इकाई मंत्री दीपा सिंह तोमर ने कहा कि यदि सभी मुद्दों का शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो अभाविप को उग्र आंदोलन और विश्वविद्यालय में तालाबंदी करने के लिए बाध्य होना पड़ेगा। इसकी पूरी जिम्मेदारी विश्वविद्यालय प्रशासन की होगी।
ज्ञापन सौंपने दौरान अभाविप विश्वविद्यालय अध्यक्ष लव पाण्डेय, रीवा भाग संयोजक पवन द्विवेदी और विभाग छात्रा प्रमुख कृति तिवारी, आर्यन, आदित्य, प्रदीप और अन्य कार्यकर्ता शामिल रहे।